Last updated: August 23rd, 2026 at 12:37 pm

पटना: बिहार के अरवल जिले में रविवार को एक दर्दनाक सड़क हादसे में 9 वर्षीय बच्ची की मौत हो गई। घटना NH-139 पर हुई, जहां एक SUV की चपेट में आने से बच्ची की जान चली गई। हादसे के बाद स्थानीय लोगों में आक्रोश फैल गया और उन्होंने सड़क पर विरोध जताते हुए हाईवे को जाम कर दिया।
जानकारी के अनुसार, बच्ची सड़क के पास थी तभी तेज रफ्तार SUV ने उसे टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बच्ची गंभीर रूप से घायल हो गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत उसे बचाने की कोशिश की, लेकिन उसकी मौत हो गई।
घटना के बाद चालक वाहन लेकर मौके से निकल गया। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए वाहन की तलाश शुरू की। प्रारंभिक कार्रवाई में पुलिस ने संबंधित SUV को बरामद कर लिया है। हादसे के बाद वाहन की जांच और चालक की भूमिका को लेकर कार्रवाई की जा रही है।
बच्ची की मौत की खबर फैलते ही आसपास के लोगों में गुस्सा बढ़ गया। ग्रामीणों ने सड़क पर पहुंचकर विरोध प्रदर्शन किया और NH-139 पर यातायात रोक दिया। इससे हाईवे पर वाहनों की लंबी कतार लग गई और कुछ समय के लिए यातायात व्यवस्था प्रभावित हुई।
स्थानीय लोगों की मांग थी कि हादसे के लिए जिम्मेदार चालक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और मृत बच्ची के परिवार को उचित सहायता दी जाए। ग्रामीणों ने सड़क सुरक्षा को लेकर भी प्रशासन से ठोस कदम उठाने की मांग की।
पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और प्रदर्शन कर रहे लोगों से बातचीत की। अधिकारियों ने स्थिति को नियंत्रित करने और यातायात सामान्य कराने की कोशिश की। प्रशासन की ओर से पीड़ित परिवार को तत्काल राहत के रूप में ₹20,000 की सहायता दिए जाने की जानकारी सामने आई है।
हादसे की जांच में यह पता लगाया जा रहा है कि SUV की गति कितनी थी और दुर्घटना किस परिस्थिति में हुई। पुलिस सड़क पर मौजूद प्रत्यक्षदर्शियों से भी जानकारी जुटा सकती है। इसके अलावा घटनास्थल के आसपास CCTV कैमरे उपलब्ध होने पर उनकी फुटेज भी जांच का हिस्सा बन सकती है।
NH-139 जैसे व्यस्त राष्ट्रीय राजमार्गों पर तेज रफ्तार वाहनों के कारण दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है। सड़क के आसपास रहने वाले लोगों के लिए सुरक्षित क्रॉसिंग और यातायात नियंत्रण की व्यवस्था बेहद महत्वपूर्ण होती है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क के आसपास पैदल चलने वाले लोगों और ग्रामीणों की आवाजाही को देखते हुए सुरक्षा उपाय मजबूत किए जाने चाहिए। विशेष रूप से बच्चों और बुजुर्गों के लिए सड़क पार करना कई स्थानों पर जोखिम भरा हो सकता है।
इस हादसे ने एक बार फिर ग्रामीण इलाकों से गुजरने वाले राष्ट्रीय राजमार्गों पर सड़क सुरक्षा का मुद्दा सामने ला दिया है। केवल वाहन चालकों की सावधानी ही नहीं, बल्कि सड़क डिजाइन, स्पीड कंट्रोल, संकेतक और सुरक्षित पैदल क्रॉसिंग भी दुर्घटनाओं को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
पुलिस अब दुर्घटना से जुड़े सभी तथ्यों को जुटा रही है। वाहन बरामद होने के बाद उसकी तकनीकी जांच भी की जा सकती है। यदि जांच में तेज गति या लापरवाही सामने आती है तो चालक के खिलाफ संबंधित कानूनी धाराओं के तहत कार्रवाई की जाएगी।
बच्ची की मौत के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से परिवार को आर्थिक सहायता देने और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सड़क पर सुरक्षा व्यवस्था सुधारने की मांग की है।
पुलिस की प्राथमिकता मामले की जांच पूरी करना और यातायात व्यवस्था को सामान्य बनाए रखना है। हाईवे पर प्रदर्शन के कारण लगे जाम को अधिकारियों ने बातचीत के जरिए हटाने का प्रयास किया।
अरवल में 9 वर्षीय बच्ची की सड़क हादसे में मौत ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है। SUV की टक्कर के बाद वाहन बरामद कर लिया गया है और पुलिस दुर्घटना के कारणों की जांच कर रही है। हादसे के बाद ग्रामीणों का विरोध और NH-139 पर जाम ने सड़क सुरक्षा को लेकर प्रशासन के सामने गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
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