Last updated: July 1st, 2026 at 06:21 pm

केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान ने बिहार की राजनीति को लेकर बड़ा बयान देते हुए कहा कि राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) राज्य में पूरी तरह मजबूत स्थिति में है। उन्होंने दावा किया कि गठबंधन के सभी सहयोगी दल आपसी समन्वय के साथ काम कर रहे हैं और जनता का विश्वास लगातार बढ़ रहा है। उनके अनुसार आगामी चुनावों में भी एनडीए विकास और सुशासन के मुद्दे पर जनता के बीच जाएगा।
चिराग पासवान ने कहा कि बिहार के विकास के लिए केंद्र और राज्य सरकार मिलकर कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर काम कर रहे हैं। सड़क, रेलवे, स्वास्थ्य, शिक्षा और आधारभूत ढांचे से जुड़ी योजनाओं का लाभ लोगों तक पहुंच रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल घोषणाएं करना नहीं, बल्कि योजनाओं को समय पर पूरा कर जनता तक उनका लाभ पहुंचाना है।
उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वह विकास और जनहित के मुद्दों पर चर्चा करने के बजाय केवल राजनीतिक बयानबाजी में व्यस्त है। उनके अनुसार जनता अब केवल आरोप-प्रत्यारोप नहीं, बल्कि ठोस परिणाम और विकास कार्य देखना चाहती है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में स्वस्थ विपक्ष की भूमिका महत्वपूर्ण होती है, लेकिन जनहित के मुद्दों पर सकारात्मक राजनीति भी उतनी ही आवश्यक है।
चिराग पासवान ने युवाओं के रोजगार और कौशल विकास का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि सरकार रोजगार के नए अवसर पैदा करने, उद्योगों को बढ़ावा देने और स्वरोजगार योजनाओं को मजबूत करने की दिशा में काम कर रही है। उन्होंने युवाओं से सरकारी योजनाओं का लाभ उठाकर आत्मनिर्भर बनने की अपील की।
उन्होंने यह भी कहा कि बिहार में निवेश बढ़ाने और औद्योगिक विकास को गति देने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। यदि राज्य में नए उद्योग स्थापित होते हैं, तो स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और आर्थिक गतिविधियों को भी मजबूती मिलेगी। उनके अनुसार सरकार इसी दिशा में निरंतर काम कर रही है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि बिहार में आगामी चुनावों को देखते हुए सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों अपने-अपने राजनीतिक संदेश जनता तक पहुंचाने में जुटे हैं। एक ओर एनडीए अपनी विकास योजनाओं और उपलब्धियों को प्रमुखता से सामने रख रहा है, वहीं विपक्ष रोजगार, शिक्षा, महंगाई और सामाजिक मुद्दों को लेकर सरकार पर सवाल उठा रहा है।
विशेषज्ञों के अनुसार बिहार की राजनीति में विकास, रोजगार और सामाजिक समीकरण हमेशा महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। चुनाव के दौरान यही मुद्दे मतदाताओं के निर्णय को प्रभावित कर सकते हैं। इसलिए सभी प्रमुख राजनीतिक दल इन विषयों पर लगातार अपनी रणनीति तैयार कर रहे हैं।
चिराग पासवान के इस बयान के बाद बिहार की राजनीतिक गतिविधियां और तेज होती दिखाई दे रही हैं। आने वाले समय में एनडीए और विपक्ष दोनों जनता के बीच अपने-अपने एजेंडे को लेकर सक्रिय रहेंगे। राजनीतिक पर्यवेक्षकों का मानना है कि जैसे-जैसे चुनाव नजदीक आएंगे, राजनीतिक दलों की बयानबाजी और जनसंपर्क अभियान में और तेजी देखने को मिल सकती है।
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