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नालंदा में बड़ी कार्रवाई: एनआईए-एटीएस की संयुक्त छापेमारी, हथियारों के नेटवर्क पर कसा शिकंजा

बिहार के नालंदा जिले में अवैध हथियारों के नेटवर्क को लेकर बड़ी कार्रवाई की गई है। NIAऔर Bihar ATS की
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बिहार के नालंदा जिले में अवैध हथियारों के नेटवर्क को लेकर बड़ी कार्रवाई की गई है। NIAऔर Bihar ATS की संयुक्त टीम ने सोमवार तड़के कई ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की।

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    जानकारी के मुताबिक, सुबह करीब 4 बजे भारी सुरक्षा बल के साथ टीम ने बिहारशरीफ के पोस्ट ऑफिस मोड़ स्थित पीके गन हाउस में दबिश दी। इस दौरान दुकान के दस्तावेज, स्टॉक और लेन-देन से जुड़े रिकॉर्ड की गहन जांच की गई। पूरी कार्रवाई की वीडियो रिकॉर्डिंग भी कराई जा रही है।

    कई जगहों पर एक साथ कार्रवाई

    सूत्रों के अनुसार, नालंदा में करीब छह स्थानों को चिन्हित कर छापेमारी की गई। इनमें मिर्जापुर, इस्लामपुर और राममूर्ति नगर जैसे इलाके शामिल हैं। इन ठिकानों का संबंध कथित तौर पर अवैध हथियारों के कारोबार से जोड़ा जा रहा है।

    जांच एजेंसियों का फोकस उन लोगों तक पहुंचना है, जो हथियारों की खरीद-बिक्री और तस्करी के नेटवर्क से जुड़े हो सकते हैं।

    1300 कारतूस बरामदगी से जुड़ा मामला

    यह पूरी कार्रवाई मोहम्मद परवेज आलम से जुड़े मामले में की जा रही है। कुछ महीने पहले उसके पास से करीब 1300 कारतूस बरामद किए गए थे, जिनमें AK-47 की 153 गोलियां भी शामिल थीं। इसी मामले की कड़ी को जोड़ते हुए अब अलग-अलग ठिकानों पर छानबीन की जा रही है।

    सुरक्षा के कड़े इंतजाम

    छापेमारी के दौरान इलाके में आम लोगों की आवाजाही पर रोक लगा दी गई है। मीडिया को भी मौके के पास जाने की अनुमति नहीं दी गई है, ताकि कार्रवाई बिना किसी बाधा के पूरी की जा सके।

    स्थानीय पुलिस भी रही अनभिज्ञ

    बताया जा रहा है कि इस ऑपरेशन की जानकारी स्थानीय पुलिस को पहले से नहीं दी गई थी। केवल सीमित स्तर पर पुलिसकर्मियों को शामिल किया गया, ताकि गोपनीयता बनी रहे।

    पहले भी हो चुकी हैं कार्रवाई

    इस मामले में पहले भी कई बार छापेमारी की जा चुकी है। दिसंबर 2025 में भी एनआईए और एसटीएफ ने कुछ ठिकानों पर जांच की थी, हालांकि उस समय कोई आपत्तिजनक सामान बरामद नहीं हुआ था। वहीं, जून 2025 में चलाए गए विशेष अभियान के दौरान सैकड़ों जिंदा कारतूस बरामद किए गए थे, जिससे इस पूरे नेटवर्क के बड़े होने की आशंका जताई जा रही है। फिलहाल एजेंसियां इस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही हैं और आने वाले समय में और खुलासे होने की संभावना है।

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