Last updated: October 15th, 2026 at 07:07 am

बिहार विधान परिषद चुनाव के बीच जनता दल यूनाइटेड (JDU) के नेताओं के चुनावी कार्यक्रम को लेकर राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गई हैं। केंद्रीय मंत्री ललन सिंह पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से पार्टी उम्मीदवार नीरज कुमार के समर्थन में प्रचार करते नजर नहीं आएंगे। वहीं, तिरहुत स्नातक सीट पर जेडीयू प्रत्याशी अभिषेक झा के पक्ष में वह चुनावी अभियान चलाएंगे। इसके लिए 21 अक्टूबर को ललन सिंह स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार के साथ मुजफ्फरपुर पहुंचेंगे।
दो अलग-अलग सीटों पर नेताओं की सक्रियता को लेकर सियासी गलियारों में कई तरह की चर्चाएं हो रही हैं। खासकर पटना स्नातक सीट पर नीरज कुमार के चुनाव प्रचार से ललन सिंह की दूरी को राजनीतिक नजरिए से अहम माना जा रहा है।
नीरज कुमार के प्रचार में क्यों नहीं दिखेंगे ललन सिंह?
पटना स्नातक सीट से जेडीयू ने एक बार फिर नीरज कुमार पर भरोसा जताया है। वह इस सीट से लगातार तीन बार जीत दर्ज कर चुके हैं और चौथी बार चुनाव मैदान में हैं। हालांकि, इस बार उनके सामने विपक्षी प्रत्याशियों के साथ-साथ राजनीतिक समीकरणों की चुनौती भी है।
इस सीट पर मोकामा के विधायक अनंत सिंह का रुख भी चर्चा में है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, अनंत सिंह ने नीरज कुमार के पक्ष में प्रचार करने से दूरी बनाई है और जन सुराज समर्थित प्रत्याशी डॉ. अनुज सिंह का समर्थन किया है।
ऐसे राजनीतिक माहौल में ललन सिंह का नीरज कुमार के प्रचार कार्यक्रम में शामिल नहीं होना चर्चा का विषय बन गया है। हालांकि, इसे दोनों नेताओं के बीच किसी विवाद का प्रमाण नहीं माना जा सकता। जेडीयू की ओर से इस दूरी की वजह स्पष्ट होने के बाद ही स्थिति को लेकर कोई ठोस निष्कर्ष निकाला जा सकेगा।
अभिषेक झा के समर्थन में उतरेंगे ललन सिंह और निशांत कुमार
तिरहुत स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में जेडीयू अपने प्रत्याशी अभिषेक झा के समर्थन में बड़े नेताओं को मैदान में उतार रही है। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, 21 अक्टूबर को ललन सिंह और निशांत कुमार मुजफ्फरपुर में चुनाव प्रचार करेंगे।
इस दौरान दोनों नेता पार्टी कार्यकर्ताओं से मुलाकात करने के साथ मतदाताओं से अभिषेक झा के पक्ष में समर्थन जुटाने की कोशिश करेंगे। चुनाव प्रचार के दौरान वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी को उम्मीदवार के पक्ष में माहौल मजबूत करने की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है।
तिरहुत में दोनों नेताओं का एक साथ प्रचार करना इसलिए भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि चुनाव के दौरान पार्टी अपने उम्मीदवार के समर्थन में संगठनात्मक ताकत और वरिष्ठ नेताओं की सक्रियता बढ़ाना चाहती है।
पटना और तिरहुत की सीटों पर अलग-अलग सियासी समीकरण
बिहार विधान परिषद की स्नातक सीटों पर मुकाबले के बीच जेडीयू की चुनावी रणनीति पर नजर बनी हुई है। पटना में नीरज कुमार के चुनाव को लेकर अनंत सिंह के रुख की चर्चा है, जबकि तिरहुत में अभिषेक झा के लिए वरिष्ठ नेताओं के प्रचार कार्यक्रम की तैयारी है।
हालांकि, किसी नेता का किसी उम्मीदवार के प्रचार में शामिल होना या नहीं होना अपने आप में समर्थन या विरोध का अंतिम प्रमाण नहीं है। चुनावी कार्यक्रमों और राजनीतिक परिस्थितियों के आधार पर ही पूरे घटनाक्रम को समझना जरूरी है।
अब सबकी नजर 21 अक्टूबर को मुजफ्फरपुर में होने वाले प्रचार कार्यक्रम और पटना स्नातक सीट पर जेडीयू की आगे की रणनीति पर रहेगी। चुनाव परिणाम बताएंगे कि उम्मीदवारों के पक्ष में नेताओं की सक्रियता और स्थानीय राजनीतिक समीकरणों का कितना असर पड़ा।
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