Last updated: July 16th, 2026 at 12:27 pm

बिहार में डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए नालंदा ओपन यूनिवर्सिटी (NOU) में दो अत्याधुनिक डिजिटल स्टूडियो का उद्घाटन किया गया। विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि इन स्टूडियो के माध्यम से विद्यार्थियों को उच्च गुणवत्ता वाले ऑनलाइन व्याख्यान, डिजिटल अध्ययन सामग्री और वर्चुअल कक्षाओं की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इस पहल का उद्देश्य दूर-दराज के क्षेत्रों में रहने वाले छात्रों तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाना और आधुनिक तकनीक के माध्यम से शिक्षण व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाना है.
विश्वविद्यालय के अधिकारियों के अनुसार नए डिजिटल स्टूडियो आधुनिक ऑडियो-वीडियो रिकॉर्डिंग, लाइव स्ट्रीमिंग, स्मार्ट डिस्प्ले, हाई-डेफिनिशन कैमरा और डिजिटल कंटेंट निर्माण जैसी सुविधाओं से लैस हैं। इनकी मदद से शिक्षक विभिन्न विषयों के व्याख्यान रिकॉर्ड कर सकेंगे और उन्हें ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से छात्रों तक आसानी से पहुंचाया जा सकेगा। इससे विद्यार्थियों को किसी भी समय अध्ययन सामग्री उपलब्ध हो सकेगी।
कार्यक्रम के दौरान विश्वविद्यालय प्रशासन ने कहा कि नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के अनुरूप डिजिटल शिक्षण को मजबूत करना समय की आवश्यकता है। आज बड़ी संख्या में विद्यार्थी ऑनलाइन माध्यम से पढ़ाई कर रहे हैं, इसलिए तकनीक आधारित शिक्षा व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाना आवश्यक है। डिजिटल स्टूडियो के माध्यम से गुणवत्तापूर्ण ई-कंटेंट तैयार किया जाएगा, जिससे विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं और नियमित पाठ्यक्रम दोनों में लाभ मिलेगा।
विश्वविद्यालय ने बताया कि इन स्टूडियो का उपयोग केवल रिकॉर्डेड कक्षाओं के लिए ही नहीं, बल्कि लाइव इंटरैक्टिव सेशन, वेबिनार, शोध संगोष्ठियों और विशेषज्ञ व्याख्यानों के प्रसारण के लिए भी किया जाएगा। इसके अलावा विभिन्न विभागों के शिक्षकों को डिजिटल कंटेंट तैयार करने का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा, ताकि तकनीक का अधिक प्रभावी उपयोग किया जा सके।
शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि ओपन और डिस्टेंस लर्निंग संस्थानों के लिए डिजिटल स्टूडियो अत्यंत उपयोगी साबित होते हैं। इससे दूरस्थ क्षेत्रों के विद्यार्थियों को भी वही गुणवत्ता वाली शिक्षा मिल सकती है जो बड़े शहरों में उपलब्ध होती है। विशेषज्ञों के अनुसार डिजिटल प्लेटफॉर्म के विस्तार से शिक्षा अधिक सुलभ, लचीली और छात्र-केंद्रित बन रही है।
विद्यार्थियों ने भी विश्वविद्यालय की इस पहल का स्वागत किया है। उनका कहना है कि रिकॉर्डेड व्याख्यान और ऑनलाइन अध्ययन सामग्री उपलब्ध होने से परीक्षा की तैयारी आसान होगी तथा बार-बार कठिन विषयों को समझने का अवसर मिलेगा। साथ ही नौकरी करने वाले और दूर-दराज के क्षेत्रों में रहने वाले विद्यार्थियों को भी इससे विशेष सुविधा मिलेगी।
विश्वविद्यालय प्रशासन ने कहा कि आने वाले समय में और अधिक डिजिटल सुविधाएं विकसित की जाएंगी तथा ऑनलाइन शिक्षा के लिए नए पाठ्यक्रम और तकनीकी संसाधन जोड़े जाएंगे। प्रशासन का विश्वास है कि आधुनिक डिजिटल स्टूडियो की स्थापना से नालंदा ओपन यूनिवर्सिटी की ऑनलाइन शिक्षा व्यवस्था और अधिक मजबूत होगी तथा बिहार के हजारों विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण, आधुनिक और सुलभ शिक्षा का लाभ मिलेगा।
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