Human Live Media

HomeNewsमुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने यमुना सफाई अभियान की समीक्षा की, अधिकारियों को तय समय में लक्ष्य पूरा करने के निर्देश

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने यमुना सफाई अभियान की समीक्षा की, अधिकारियों को तय समय में लक्ष्य पूरा करने के निर्देश

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शनिवार को यमुना नदी की सफाई, सीवेज ट्रीटमेंट परियोजनाओं और जल प्रदूषण नियंत्रण से
ANI-20260703105-0_1783142480949_1783142491735_e3b50833-2ca7-4bb6-a8c3-8b18bdfa7566

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शनिवार को यमुना नदी की सफाई, सीवेज ट्रीटमेंट परियोजनाओं और जल प्रदूषण नियंत्रण से जुड़े कार्यों की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में दिल्ली जल बोर्ड, सिंचाई एवं बाढ़ नियंत्रण विभाग, नगर निगम तथा अन्य संबंधित एजेंसियों के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि यमुना की सफाई से जुड़ी सभी परियोजनाओं को तय समय-सीमा के भीतर पूरा किया जाए और कार्यों की नियमित निगरानी सुनिश्चित की जाए।

Table of Contents

    बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि यमुना की सफाई केवल पर्यावरण का विषय नहीं बल्कि दिल्ली के करोड़ों नागरिकों के स्वास्थ्य और जीवन की गुणवत्ता से भी जुड़ा हुआ मुद्दा है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि सीवेज के सीधे नदी में जाने को रोकने, नालों के उपचार और आधुनिक सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) की क्षमता बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया जाए।

    रेखा गुप्ता ने विभिन्न निर्माणाधीन सीवेज परियोजनाओं की प्रगति की जानकारी ली और जिन परियोजनाओं में देरी हो रही है, उनके लिए जिम्मेदार अधिकारियों से स्पष्टीकरण भी मांगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि परियोजनाओं में अनावश्यक देरी स्वीकार नहीं की जाएगी और सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें।

    मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए कि यमुना किनारे स्वच्छता अभियान को जनभागीदारी से जोड़ा जाए। उन्होंने कहा कि स्थानीय निकायों, स्वयंसेवी संस्थाओं और नागरिक समूहों के सहयोग से नदी संरक्षण के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ाई जानी चाहिए। सरकार का उद्देश्य केवल सफाई अभियान चलाना नहीं बल्कि प्रदूषण के स्रोतों को स्थायी रूप से नियंत्रित करना है।

    बैठक में यह भी बताया गया कि कई स्थानों पर नए सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट स्थापित किए जा रहे हैं तथा पुराने संयंत्रों के आधुनिकीकरण का कार्य जारी है। इसके अलावा नालों की सफाई, ठोस कचरे के वैज्ञानिक निपटान और जल गुणवत्ता की नियमित निगरानी के लिए भी विशेष योजना तैयार की गई है।

    राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि यमुना की सफाई दिल्ली की राजनीति का लंबे समय से प्रमुख मुद्दा रही है। विभिन्न सरकारों ने समय-समय पर नदी को स्वच्छ बनाने के लिए कई योजनाएं शुरू की हैं। वर्तमान सरकार भी इसे अपनी प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल कर रही है और नियमित समीक्षा बैठकों के माध्यम से परियोजनाओं की प्रगति पर नजर रख रही है।

    विशेषज्ञों का मानना है कि यमुना को स्वच्छ बनाने के लिए केवल सरकारी प्रयास पर्याप्त नहीं होंगे। इसके लिए केंद्र सरकार, दिल्ली सरकार, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और स्थानीय निकायों के बीच बेहतर समन्वय के साथ-साथ नागरिकों की भागीदारी भी आवश्यक होगी। यदि सीवेज प्रबंधन और प्रदूषण नियंत्रण की योजनाएं समय पर पूरी होती हैं, तो आने वाले वर्षों में यमुना की स्थिति में सुधार देखा जा सकता है।

    फिलहाल मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने संबंधित विभागों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सभी परियोजनाओं की नियमित समीक्षा की जाए और तय समय में परिणाम सुनिश्चित किए जाएं। आने वाले महीनों में सरकार यमुना सफाई अभियान की प्रगति पर लगातार नजर बनाए रखेगी।

    Loading

    Comments are off for this post.