Last updated: August 8th, 2026 at 03:20 pm

रोहतास के सासाराम मॉडल अस्पताल में बिजली व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। बिजली गुल होने के दौरान इमरजेंसी वार्ड में मरीजों का इलाज मोबाइल फोन की टॉर्च की रोशनी में किए जाने की बात सामने आई है। इससे अस्पताल की आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं की तैयारियों पर सवाल उठने लगे हैं।
जानकारी के मुताबिक, अस्पताल में बार-बार बिजली कटने की समस्या बनी हुई है। इसी दौरान इमरजेंसी वार्ड में रोशनी की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने पर डॉक्टरों को मोबाइल की टॉर्च का सहारा लेकर मरीजों का उपचार करना पड़ा।
खास बात यह है कि अस्पताल में निर्बाध बिजली आपूर्ति के लिए अलग ट्रांसफॉर्मर की व्यवस्था होने के साथ-साथ जनरेटर और अन्य जरूरी उपकरण भी लगाए गए हैं। इसके बावजूद बिजली जाने के बाद इमरजेंसी सेवा प्रभावित होने की स्थिति सामने आई है।
अस्पताल जैसी संवेदनशील जगह पर बिजली आपूर्ति बाधित होने और वैकल्पिक व्यवस्था के प्रभावी तरीके से काम नहीं करने को लेकर कई सवाल उठ रहे हैं। इमरजेंसी वार्ड में इलाज के दौरान पर्याप्त रोशनी नहीं होने से मरीजों और उनके परिजनों को भी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
मामले को लेकर अस्पताल प्रबंधन से प्रतिक्रिया लेने की कोशिश की गई, लेकिन प्रबंधन की ओर से फिलहाल कोई स्पष्ट बयान सामने नहीं आया है। अब सवाल यह है कि अस्पताल में लगाए गए वैकल्पिक बिजली इंतजामों के बावजूद ऐसी स्थिति क्यों बनी और भविष्य में इसे रोकने के लिए क्या कदम उठाए जाएंगे।
![]()
Comments are off for this post.