Human Live Media

HomeNewsसत्य निकेतन हादसे पर पप्पू यादव का PM मोदी पर हमला, बोले- ‘मदद की जरूरत है, भाषण की नहीं’

सत्य निकेतन हादसे पर पप्पू यादव का PM मोदी पर हमला, बोले- ‘मदद की जरूरत है, भाषण की नहीं’

दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में बहुमंजिला पीजी इमारत गिरने के हादसे के बाद राहत और बचाव अभियान जारी है।
1a1d962ad79185d3581a0d198f3cd71f1788242856820169_original

दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में बहुमंजिला पीजी इमारत गिरने के हादसे के बाद राहत और बचाव अभियान जारी है। घटना में कई लोगों के हताहत होने की जानकारी सामने आई है और मलबे में कुछ लोगों के फंसे होने की आशंका जताई जा रही है। इसी बीच पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर तीखी टिप्पणी की है।

Table of Contents

    पप्पू यादव ने PM मोदी पर साधा निशाना

    पप्पू यादव ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर पोस्ट कर सत्य निकेतन हादसे को लेकर प्रधानमंत्री मोदी पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली विश्वविद्यालय में प्रधानमंत्री के कार्यक्रम के बाद हुए इस हादसे पर प्रधानमंत्री की ओर से पर्याप्त प्रतिक्रिया नहीं आई।

    इससे पहले भी पप्पू यादव ने हादसे पर दुख जताते हुए इमारत के मलबे में छात्रों के दबे होने की बात कही थी। उन्होंने प्रधानमंत्री से मौके पर पहुंचकर राहत कार्य में मदद करने की अपील की थी और कहा था कि ऐसे समय में भाषण के बजाय बचाव अभियान पर ध्यान दिया जाना चाहिए।

    NDRF, दमकल और पुलिस का रेस्क्यू ऑपरेशन

    हादसे के बाद NDRF, दिल्ली दमकल विभाग और पुलिस की टीमें लगातार राहत एवं बचाव अभियान चला रही हैं। दमकल अधिकारी अभिलाष कुमार मलिक के अनुसार, इमारत गिरने की सूचना दोपहर करीब 1:33 बजे मिली थी और इसके तुरंत बाद बचाव दल को सक्रिय किया गया।

    उन्होंने बताया कि मौके पर 12 फायर टेंडर लगाए गए हैं और अब तक करीब 12 लोगों को मलबे से बाहर निकाला जा चुका है। बचाव दल बेसमेंट स्लैब के पास तक पहुंच गया है और वहां भी तलाशी अभियान चलाया जा रहा है।

    बेसमेंट में मजदूरों के फंसे होने की आशंका

    फायर अधिकारी के मुताबिक, प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि हादसे के समय बेसमेंट में मरम्मत या निर्माण से जुड़ा काम चल रहा था। ऐसे में वहां कुछ मजदूरों के मौजूद होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा रहा है। रेस्क्यू टीम बेसमेंट की ओर भी लगातार मलबा हटाकर तलाश कर रही है।

    परिजनों को अपनों की तलाश

    हादसे के बाद कई लोग अपने दोस्तों और परिजनों की जानकारी लेने घटनास्थल पर पहुंच रहे हैं। छात्र मयंक ने बताया कि उसका दोस्त अर्पित हादसे के समय इमारत के अंदर था और घटना के बाद से उसका पता नहीं चल पाया है। परिवार के लोग भी लगातार मौके पर मौजूद हैं और उसके बारे में जानकारी मिलने का इंतजार कर रहे हैं।

    करीब 40 साल पुरानी बताई जा रही इमारत

    सत्य निकेतन की जिस संकरी गली में हादसा हुआ, वहां यह पांच मंजिला पीजी संचालित था। स्थानीय जानकारी के अनुसार इमारत करीब 40 साल पुरानी और जर्जर हालत में थी। हादसे की जांच में बेसमेंट में चल रहे निर्माण या मरम्मत कार्य को भी एक अहम पहलू माना जा रहा है। हालांकि हादसे की वास्तविक वजह जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।

    Loading

    Comments are off for this post.