Last updated: June 24th, 2026 at 06:21 am

बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ जारी अभियान के तहत आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने बुधवार को बड़ी कार्रवाई की है। भवन निर्माण विभाग में कार्यरत अधीक्षण अभियंता पवन कुमार के कई ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की गई। यह कार्रवाई आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के गंभीर आरोपों के तहत की जा रही है।
जांच एजेंसी के अनुसार, प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि अभियंता के पास लगभग 3.89 करोड़ रुपये की ऐसी संपत्ति है, जिसका स्रोत उनकी ज्ञात आय से मेल नहीं खाता। यह संपत्ति उनकी वैध आय से लगभग 103 प्रतिशत अधिक बताई जा रही है, जिसके बाद विशेष निगरानी न्यायालय से तलाशी वारंट लेकर कार्रवाई शुरू की गई।
EOU की अलग-अलग टीमों ने एक साथ पटना, भागलपुर, नोएडा और नई दिल्ली सहित कुल छह स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया। पटना के श्रीकृष्णपुरी स्थित आवास और कार्यालय परिसर, भागलपुर के आनंदगढ़ कॉलोनी स्थित मकान, नोएडा सेक्टर-75 का फ्लैट और दिल्ली के द्वारका सेक्टर-10 स्थित फ्लैट को जांच के दायरे में लिया गया है।
छापेमारी के दौरान टीमों ने कई महत्वपूर्ण दस्तावेज, बैंक रिकॉर्ड, निवेश से जुड़े कागजात और संपत्तियों के विवरण की गहन जांच की। अधिकारियों की टीम यह पता लगाने में जुटी है कि संपत्ति के स्रोत वैध हैं या इसमें किसी प्रकार की अनियमितता या भ्रष्टाचार शामिल है।
EOU अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद सभी बरामद दस्तावेजों और संपत्तियों का विस्तृत मूल्यांकन किया जाएगा। यदि आरोप साबित होते हैं, तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल सभी छह ठिकानों पर तलाशी अभियान जारी है और जांच एजेंसियां लगातार दस्तावेजों की छानबीन कर रही हैं। इस कार्रवाई के बाद प्रशासनिक और विभागीय स्तर पर हलचल तेज हो गई है।
![]()
Comments are off for this post.