Human Live Media

HomeNewsदिल्ली सरकार ने महिलाओं के लिए पिंक टिकट योजना 17 सितंबर तक बढ़ाई, DTC बसों में सफर रहेगा मुफ्त

दिल्ली सरकार ने महिलाओं के लिए पिंक टिकट योजना 17 सितंबर तक बढ़ाई, DTC बसों में सफर रहेगा मुफ्त

दिल्ली में महिलाओं के लिए डीटीसी और क्लस्टर बसों में मुफ्त यात्रा की मौजूदा पिंक टिकट व्यवस्था को 17 सितंबर
Pink_Saheli_card_1788227340110_1788227340574_2e365ca2-d0d1-4a98-a797-a2bef5db9509

दिल्ली में महिलाओं के लिए डीटीसी और क्लस्टर बसों में मुफ्त यात्रा की मौजूदा पिंक टिकट व्यवस्था को 17 सितंबर 2026 तक बढ़ा दिया गया है। दिल्ली सरकार ने यह फैसला ऐसे समय में लिया है जब कई त्योहारों के कारण सार्वजनिक परिवहन में महिला यात्रियों की आवाजाही बढ़ने की संभावना है। इस विस्तार के बाद पात्र महिलाएं 17 सितंबर तक पहले की तरह कागज वाले पिंक टिकट के माध्यम से मुफ्त बस यात्रा कर सकेंगी।

Table of Contents

     

    सरकार के अनुसार, पिंक टिकट व्यवस्था को आगे बढ़ाने का उद्देश्य पुरानी व्यवस्था से स्मार्ट कार्ड आधारित प्रणाली में बदलाव के दौरान यात्रियों को परेशानी से बचाना है। पहले कागजी पिंक टिकट की सुविधा 31 अगस्त तक समाप्त करने की योजना थी, लेकिन अब इसकी अवधि बढ़ा दी गई है। इसलिए 1 सितंबर से पिंक टिकट बंद होने की पुरानी जानकारी अब लागू नहीं है।

     

    17 सितंबर के बाद मुफ्त बस यात्रा के लिए पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड व्यवस्था लागू की जाएगी। उपलब्ध जानकारी के अनुसार 18 सितंबर से पात्र महिला यात्रियों को मुफ्त यात्रा का लाभ लेने के लिए स्मार्ट कार्ड का इस्तेमाल करना होगा। जिन महिलाओं के पास उस समय वैध स्मार्ट कार्ड नहीं होगा, उन्हें सामान्य यात्री की तरह निर्धारित किराया देना पड़ सकता है।

     

    परिवहन मंत्री पंकज कुमार सिंह के अनुसार, लगभग 19 लाख महिलाओं ने पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड के लिए पंजीकरण कराया है। सरकार ने महिलाओं से जल्द कार्ड बनवाने की अपील की है, ताकि नई व्यवस्था लागू होने पर उन्हें यात्रा के दौरान किसी परेशानी का सामना न करना पड़े। हालांकि, 17 सितंबर के बाद भी कार्ड के लिए पंजीकरण और कार्ड जारी करने की प्रक्रिया जारी रहने की बात कही गई है।

     

    पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड का उद्देश्य महिलाओं की मुफ्त बस यात्रा को कागजी टिकट से डिजिटल व्यवस्था में बदलना है। इससे यात्रा के दौरान पात्रता की पहचान स्मार्ट कार्ड के जरिए की जा सकेगी। सरकार का कहना है कि नई व्यवस्था सार्वजनिक परिवहन को अधिक तकनीक आधारित और व्यवस्थित बनाने की दिशा में एक कदम है।

     

    दिल्ली सरकार ने पिंक टिकट की अवधि बढ़ाने का फैसला आगामी त्योहारों को ध्यान में रखते हुए किया है। जन्माष्टमी, तीज और गणेश चतुर्थी जैसे अवसरों पर बाजारों, धार्मिक स्थलों और अन्य स्थानों पर महिलाओं की आवाजाही बढ़ सकती है। ऐसे समय में अचानक कागजी टिकट व्यवस्था समाप्त करने के बजाय सरकार ने संक्रमण की अवधि बढ़ाने का निर्णय लिया है।

     

    पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड के लिए महिलाओं को निर्धारित केंद्रों के माध्यम से कार्ड बनवाने की सुविधा दी जा रही है। हाल की जानकारी के अनुसार, कार्ड जारी करने की सुविधा अब दिल्ली परिवहन निगम के 38 निर्धारित केंद्रों पर उपलब्ध है। पहले यह सुविधा अधिक केंद्रों पर उपलब्ध थी, लेकिन बाद में केंद्रों की संख्या में बदलाव किया गया। इसलिए कार्ड बनवाने से पहले संबंधित अधिकृत केंद्र की उपलब्धता की जानकारी लेना उपयोगी रहेगा।

     

    यह भी स्पष्ट है कि 17 सितंबर की समयसीमा कागजी पिंक टिकट व्यवस्था से संबंधित है। इसका मतलब यह नहीं है कि उस तारीख के बाद पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड के लिए पंजीकरण पूरी तरह बंद हो जाएगा। सरकार ने बताया है कि स्मार्ट कार्ड बनाने और जारी करने की प्रक्रिया आगे भी जारी रहेगी।

     

    दिल्ली में महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा योजना लंबे समय से सार्वजनिक परिवहन की एक महत्वपूर्ण सुविधा रही है। नई स्मार्ट कार्ड व्यवस्था के जरिए सरकार इसे अधिक डिजिटल और सत्यापन आधारित बनाने की कोशिश कर रही है। फिलहाल 17 सितंबर तक पात्र महिलाएं पिंक टिकट के जरिए मुफ्त यात्रा कर सकती हैं, जबकि इसके बाद स्मार्ट कार्ड आधारित व्यवस्था लागू होने की तैयारी है।

    Loading

    Comments are off for this post.