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बिहार का बड़ा हरित लक्ष्य: 2028 तक 17% Green Cover, 5 करोड़ पौधे लगाने की तैयारी

बिहार सरकार ने राज्य में हरित क्षेत्र बढ़ाने के लिए बड़ा लक्ष्य तय किया है। सरकार का उद्देश्य 2028 तक
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बिहार सरकार ने राज्य में हरित क्षेत्र बढ़ाने के लिए बड़ा लक्ष्य तय किया है। सरकार का उद्देश्य 2028 तक बिहार के कुल भौगोलिक क्षेत्र के 17% हिस्से को green cover के अंतर्गत लाना है। इसके लिए बड़े पैमाने पर पौधारोपण अभियान चलाया जा रहा है।
सरकार के अनुसार वर्ष 2026-27 में करीब 5 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। अभियान के तहत बड़ी संख्या में पौधे लगाए जा चुके हैं और आने वाले महीनों में plantation activities को और तेज करने की योजना है।
बिहार में green cover बढ़ाने का उद्देश्य केवल पेड़ों की संख्या बढ़ाना नहीं है। सरकार इसे environmental protection, soil conservation और राज्य में ecological balance बनाए रखने से भी जोड़ रही है।
पेड़ वातावरण में carbon dioxide को absorb करने और oxygen release करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसके अलावा बड़े पैमाने पर tree plantation से biodiversity को बढ़ावा मिल सकता है और कई प्रकार के पक्षियों तथा वन्यजीवों के लिए habitat उपलब्ध हो सकता है।
बिहार के कई हिस्सों में agriculture और population density काफी अधिक है। ऐसे में उपलब्ध भूमि के बीच forest और green areas को बढ़ाना चुनौतीपूर्ण है। सरकार plantation programmes के माध्यम से इस चुनौती को कम करने का प्रयास कर रही है।
पौधारोपण अभियान में सरकारी विभागों के अलावा स्थानीय संस्थाओं और आम लोगों की भागीदारी भी महत्वपूर्ण है। लगाए गए पौधों की देखभाल और survival rate सुनिश्चित करना plantation की वास्तविक सफलता के लिए जरूरी होगा।
सरकार ने 2028 तक 17% green cover हासिल करने का लक्ष्य रखा है। इसके लिए केवल नए पौधे लगाना पर्याप्त नहीं होगा; पहले से मौजूद forests और green areas को सुरक्षित रखना भी आवश्यक होगा।
Plantation अभियान का एक अन्य उद्देश्य climate change के प्रभावों को कम करना है। पेड़ वातावरण से carbon absorb करते हैं और urban तथा rural ecosystems को बेहतर बनाने में योगदान देते हैं।
शहरी क्षेत्रों में पेड़ गर्मी को कम करने, हवा की गुणवत्ता सुधारने और सार्वजनिक स्थानों को अधिक रहने योग्य बनाने में मदद कर सकते हैं। पटना और अन्य शहरों में urban plantation को भी इस व्यापक अभियान का हिस्सा बनाया जा सकता है।
ग्रामीण क्षेत्रों में agroforestry और community plantation के जरिए किसानों को भी जोड़ा जा सकता है। इससे पेड़ों के साथ agricultural activities को संतुलित रखने में मदद मिल सकती है।
हालांकि 5 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य बड़ा है, लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार पौधों की survival rate सबसे महत्वपूर्ण होगी। यदि लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल नहीं होती तो केवल plantation figures से green cover में वास्तविक वृद्धि नहीं होगी।
इसके लिए watering, fencing, protection और नियमित monitoring जैसी व्यवस्थाएं जरूरी होंगी।
सरकार की योजना के अनुसार plantation अभियान को बड़े स्तर पर चलाया जाएगा और अलग-अलग क्षेत्रों में उपलब्ध जमीन के अनुसार पौधे लगाए जाएंगे।
बिहार में environmental awareness बढ़ाने के लिए schools, colleges और community organisations को भी plantation activities से जोड़ा जा सकता है। इससे युवाओं और स्थानीय लोगों में पेड़ों की देखभाल के प्रति जिम्मेदारी बढ़ेगी।
यदि plantation programme सफलतापूर्वक लागू होता है तो 2028 तक राज्य के green cover में महत्वपूर्ण वृद्धि हो सकती है।
बिहार सरकार का 2028 तक 17% green cover का लक्ष्य राज्य के environmental future के लिए महत्वपूर्ण है। 2026-27 में 5 करोड़ पौधे लगाने की योजना इस लक्ष्य की दिशा में बड़ा कदम है, लेकिन इसकी सफलता पौधों के संरक्षण और survival rate पर निर्भर करेगी।

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