Last updated: September 3rd, 2026 at 02:01 pm

भारत में होने वाले 18वें BRICS शिखर सम्मेलन से पहले राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली को अंतरराष्ट्रीय मेहमानों के स्वागत के लिए सजाने-संवारने का काम तेज हो गया है। 12 और 13 सितंबर 2026 को भारत मंडपम, नई दिल्ली में होने वाले BRICS Summit को देखते हुए नई दिल्ली नगर परिषद (NDMC) ने लुटियंस दिल्ली और आसपास के प्रमुख इलाकों में बड़े स्तर पर सौंदर्यीकरण और नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाने की योजना लागू की है।
NDMC की योजना के तहत राजधानी की 41 प्रमुख सड़कों को 14 जोन में बांटा गया है। प्रत्येक जोन की निगरानी के लिए एक नोडल अधिकारी की जिम्मेदारी तय की गई है, जो सड़कों और आसपास के इलाकों की साफ-सफाई, रखरखाव तथा सौंदर्यीकरण की निगरानी करेगा। अधिकारियों का लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि सम्मेलन के दौरान प्रमुख मार्ग और सार्वजनिक स्थान लगातार साफ-सुथरे और व्यवस्थित दिखाई दें।
सौंदर्यीकरण अभियान में केवल सड़कों की सफाई तक सीमित काम नहीं किया जा रहा है। प्रमुख इलाकों में लैंडस्केपिंग, फूलों की सजावट, फव्वारे, रोशनी, फ्लोरल बोर्ड और राउंडअबाउट की सजावट की जा रही है। NDTV के मुताबिक योजना में 23 फ्लावर फाउंटेन, 15 फ्लोरल बोर्ड और 17 राउंडअबाउट को विशेष रूप से सजाने और रोशन करने का प्रावधान है।
दिल्ली के कई प्रमुख स्थानों पर इस बदलाव का असर दिखाई देने लगा है। कनॉट प्लेस और अफ्रीका एवेन्यू जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में लैंडस्केपिंग, प्रकाश व्यवस्था और सफाई से जुड़े काम किए जा रहे हैं। इसके साथ ही प्रतिनिधियों के ठहरने वाले प्रमुख होटलों और उनके आसपास के मार्गों पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है, ताकि विदेशी प्रतिनिधिमंडलों की आवाजाही के दौरान राजधानी का प्रमुख हिस्सा बेहतर तरीके से तैयार रहे।
BRICS सम्मेलन को दिल्ली की संस्कृति से जोड़ने के लिए भी कई गतिविधियां प्रस्तावित हैं। प्रमुख स्थानों पर म्यूरल पेंटिंग, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, फूड फेस्टिवल और कलाकारों के कार्यक्रम आयोजित किए जाने की योजना है। राष्ट्रीय संग्रहालय के आसपास म्यूरल तैयार करने और टॉकरा गार्डन में कलाकारों की प्रस्तुतियों जैसे कार्यक्रमों को भी योजना में शामिल किया गया है। अधिकारियों का उद्देश्य विदेशी मेहमानों के सामने दिल्ली के साथ-साथ BRICS देशों की सांस्कृतिक विविधता को भी प्रदर्शित करना है।
इस पूरे अभियान की निगरानी के लिए एक 12 सदस्यीय कोर टीम और करीब 200 कर्मचारियों को जिम्मेदारी दी गई है। टीम का काम केवल सजावट तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि कार्यक्रम के दौरान नागरिक सेवाओं को सुचारु बनाए रखने और किसी भी समस्या पर तुरंत कार्रवाई करने पर भी रहेगा। मानसून के कारण जलभराव जैसी संभावित समस्याओं से निपटने के लिए भी विशेष व्यवस्था रखी जा रही है।
BRICS Summit के दौरान सुरक्षा और यातायात व्यवस्था भी दिल्ली प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती रहेगी। सम्मेलन के मद्देनजर दिल्ली पुलिस और ट्रैफिक पुलिस ने VVIP मूवमेंट के लिए विशेष इंतजाम शुरू किए हैं। प्रमुख मार्गों पर सुरक्षा व्यवस्था और ट्रैफिक डायवर्जन की तैयारियां की जा रही हैं। पहले ही मोटरकेड रिहर्सल के दौरान दिल्ली के कई महत्वपूर्ण मार्गों पर यातायात को नियंत्रित किया गया है और लोगों को यात्रा से पहले मार्ग की स्थिति देखने तथा संभव हो तो मेट्रो का इस्तेमाल करने की सलाह दी गई है।
भारत इस वर्ष BRICS की अध्यक्षता कर रहा है और 18वां BRICS Summit नई दिल्ली में आयोजित किया जा रहा है। आधिकारिक जानकारी के अनुसार सम्मेलन 12–13 सितंबर 2026 को भारत मंडपम में होगा। इसलिए दिल्ली के प्रमुख प्रशासनिक और राजनयिक क्षेत्रों को अंतरराष्ट्रीय स्तर के आयोजन के अनुरूप तैयार करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
राजधानी के इस मेकओवर का असर सम्मेलन खत्म होने के बाद भी देखने को मिल सकता है। बेहतर लैंडस्केपिंग, सुधरी हुई प्रकाश व्यवस्था, साफ-सफाई और सार्वजनिक स्थानों के रखरखाव से दिल्ली के इन प्रमुख हिस्सों को लंबे समय तक फायदा मिलने की उम्मीद है। हालांकि बड़े अंतरराष्ट्रीय आयोजन के लिए किए जा रहे काम के साथ यह चुनौती भी रहेगी कि सम्मेलन समाप्त होने के बाद इन सुविधाओं और सौंदर्यीकरण का नियमित रखरखाव जारी रहे।
BRICS Summit से पहले दिल्ली को अंतरराष्ट्रीय मेहमानों के स्वागत के लिए तैयार करने का अभियान तेज हो गया है। 41 प्रमुख सड़कों को 14 जोन में बांटकर सफाई और रखरखाव से लेकर फूलों, फव्वारों, रोशनी और सांस्कृतिक सजावट तक पर काम किया जा रहा है। 12 और 13 सितंबर को होने वाले शिखर सम्मेलन के दौरान राजधानी की व्यवस्था और उसका स्वरूप दुनिया के सामने भारत की मेजबानी की एक महत्वपूर्ण तस्वीर पेश करेगा।
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