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बिहार में बाढ़ के बीच मौसम का डबल अटैक, 24 जिलों में अलर्ट; ठनका-तेज हवा का खतरा

बिहार में एक ओर बाढ़ का संकट लगातार गहरा रहा है, तो दूसरी तरफ मौसम विभाग ने बारिश और खराब
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बिहार में एक ओर बाढ़ का संकट लगातार गहरा रहा है, तो दूसरी तरफ मौसम विभाग ने बारिश और खराब मौसम को लेकर कई जिलों में चेतावनी जारी की है। राज्य के 18 जिले बाढ़ से प्रभावित बताए जा रहे हैं, जिससे 6.65 लाख से ज्यादा लोग प्रभावित हैं। इसी बीच उत्तर और पूर्वी बिहार में बारिश का सिलसिला जारी रहने का अनुमान है।

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    7 जिलों में ऑरेंज अलर्ट

    मौसम विज्ञान केंद्र ने सुपौल, अररिया, सहरसा, मधेपुरा, किशनगंज, पूर्णिया और कटिहार के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। अररिया, किशनगंज और कटिहार में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। लगातार बारिश से निचले इलाकों में जलजमाव बढ़ने के साथ बाढ़ की स्थिति और गंभीर होने की आशंका है।

    17 जिलों में येलो अलर्ट, वज्रपात की आशंका

    पश्चिमी चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सीवान, सारण, सीतामढ़ी, शिवहर, मुजफ्फरपुर, वैशाली, मधुबनी, दरभंगा, समस्तीपुर, खगड़िया, भागलपुर, मुंगेर, जमुई और बांका में येलो अलर्ट जारी किया गया है।

    इन इलाकों में करीब 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। गरज-चमक के साथ वज्रपात की भी आशंका है। मौसम विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने की सलाह दी है।

    पटना में चार दिन बदला रहेगा मौसम

    राजधानी पटना में अगले चार दिनों तक आसमान में बादल छाए रहने और कुछ स्थानों पर हल्की बारिश की संभावना है। इस दौरान बिजली चमकने की भी आशंका जताई गई है।

    6 से 9 सितंबर के बीच पटना का अधिकतम तापमान 32 से 33 डिग्री और न्यूनतम तापमान 26 से 27 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। भोजपुर, बक्सर, गया, नालंदा और औरंगाबाद में भी हल्की बारिश हो सकती है।

    पुनपुन समेत कई नदियां खतरे के निशान से ऊपर

    बाढ़ की स्थिति के बीच राज्य की नौ नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। पुनपुन नदी के जलस्तर में पिछले 24 घंटे में 28 सेंटीमीटर की बढ़ोतरी दर्ज की गई। श्रीपालपुर में इसका पानी खतरे के निशान से 2.57 मीटर ऊपर पहुंच गया है।

    भागलपुर में गंगा खतरे के निशान से 32 सेंटीमीटर ऊपर है, जबकि कहलगांव में गंगा का जलस्तर लाल निशान से 82 सेंटीमीटर ऊपर दर्ज किया गया है। खगड़िया में भी बाढ़ के कारण लोगों को अपने मवेशियों के साथ सुरक्षित स्थानों की ओर जाना पड़ रहा है।

    सारण में बांध टूटा, NH-19 तक पहुंचा पानी

    सारण के दिघवारा में माही नदी का करीब 30 फीट हिस्सा टूटने के बाद आसपास के क्षेत्रों में पानी फैल गया। छपरा में बाढ़ का पानी NH-19 तक पहुंचने से यातायात प्रभावित हो रहा है।

    बेगूसराय के सिमरिया बिंद टोली में 1,000 से अधिक घर पानी में डूब गए हैं। वहीं, मुंगेर के छह प्रखंड बाढ़ से प्रभावित हैं और लाल दरवाजा क्षेत्र की सड़कों पर तीन से चार फीट तक पानी जमा है।

    पटना-गया रेलखंड पर ट्रेनों का परिचालन प्रभावित

    बाढ़ का असर रेल सेवा पर भी पड़ा है। पटना-गया रेलखंड पर जट डुमरी के पास पुनपुन नदी का पानी पुल संख्या 21 तक पहुंचने के बाद सुरक्षा के मद्देनजर डाउन लाइन पर ट्रेनों का परिचालन रोक दिया गया है।

    गंगा दामोदर एक्सप्रेस का मार्ग बदलकर फतुहा, इस्लामपुर और तिलैया के रास्ते किया गया है। वहीं बुद्ध पूर्णिमा एक्सप्रेस अब पटना से आरा और बक्सर के रास्ते चलेगी। कई अन्य ट्रेनें भी तीन से चार घंटे तक देरी से चल रही हैं।

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