Human Live Media

HomeStateBiharSiwanसीवान AK-47 फायरिंग विवाद पर कांग्रेस का हमला, तारिक अनवर ने गृह मंत्रालय से मांगी जवाबदेही

सीवान AK-47 फायरिंग विवाद पर कांग्रेस का हमला, तारिक अनवर ने गृह मंत्रालय से मांगी जवाबदेही

बिहार के सीवान में छात्र प्रदर्शन के दौरान कथित AK-47 फायरिंग के मामले को लेकर राजनीतिक बयानबाज़ी तेज हो गई
01_04_2024-tarik_23687337

बिहार के सीवान में छात्र प्रदर्शन के दौरान कथित AK-47 फायरिंग के मामले को लेकर राजनीतिक बयानबाज़ी तेज हो गई है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और सांसद तारिक अनवर ने इस घटना पर केंद्र और राज्य सरकार से जवाब मांगा है। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटना गंभीर चिंता का विषय है और इसकी जवाबदेही तय होनी चाहिए।

Table of Contents

    मीडिया से बातचीत के दौरान तारिक अनवर ने कहा कि यह समझ से परे है कि कोई पुलिसकर्मी इस प्रकार की कार्रवाई कैसे कर सकता है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या ऐसी कार्रवाई की जानकारी संबंधित अधिकारियों को नहीं थी। उनके अनुसार, यदि पुलिसकर्मी के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है तो यह भी स्पष्ट होना चाहिए कि उसे ऐसा कदम उठाने की अनुमति किन परिस्थितियों में मिली।

    कांग्रेस सांसद ने कहा कि छात्रों के साथ हुई कथित सख्ती को लेकर सरकार को अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए। उनका कहना था कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में छात्रों की आवाज़ सुनी जानी चाहिए और यदि किसी स्तर पर अत्यधिक बल प्रयोग हुआ है तो उसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।

    इस मामले पर बिहार कांग्रेस के प्रभारी राजेश राम ने भी सरकार की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों के विरोध प्रदर्शन के दौरान सरकार का रवैया कठोर रहा और प्रदर्शनकारियों के साथ अपनाए गए तरीके पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार को छात्रों से जुड़े मामलों में संवेदनशील दृष्टिकोण अपनाना चाहिए।

    राजेश राम ने सोशल मीडिया पर भी अपनी प्रतिक्रिया साझा करते हुए सरकार से छात्र आंदोलन के दौरान दर्ज मामलों की समीक्षा करने और स्थिति पर स्पष्ट जवाब देने की मांग की। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक विरोध को बल प्रयोग के बजाय संवाद के माध्यम से संबोधित किया जाना चाहिए।

    गौरतलब है कि सीवान में बिहार बंद के दौरान हुए प्रदर्शन के बीच AK-47 से फायरिंग का वीडियो सामने आने के बाद यह मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है। घटना के बाद संबंधित पुलिसकर्मी को निलंबित कर विभागीय जांच शुरू कर दी गई है। वहीं, इस पूरे घटनाक्रम को लेकर राजनीतिक दल लगातार सरकार से जवाबदेही तय करने की मांग कर रहे हैं।

     

    Loading

    Comments are off for this post.