Last updated: August 17th, 2026 at 05:08 pm
पश्चिमी दिल्ली के रघुबीर नगर में सोमवार तड़के ई-रिक्शा की बैटरी में हुए संदिग्ध विस्फोट के बाद एक बहुमंजिला इमारत में भीषण आग लग गई। हादसे में 17 वर्षीय युवक समेत दो लोगों की मौत हो गई। शुरुआती जांच में आग की वजह ई-रिक्शा की बैटरी में हुआ विस्फोट बताई जा रही है।
दिल्ली फायर सर्विस के अनुसार घटना की सूचना सुबह करीब 4:42 बजे मस्जिद गुरुद्वारा रोड स्थित इमारत से मिली। सूचना मिलते ही दमकल की गाड़ियां मौके पर भेजी गईं। आग पर करीब 5:25 बजे तक काबू पा लिया गया।
पुलिस के मुताबिक जिस इमारत में आग लगी, उसमें ग्राउंड फ्लोर के अलावा चार ऊपरी मंजिलें थीं। आग से पहली मंजिल पर रखा घरेलू सामान बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार ई-रिक्शा को इमारत के ग्राउंड फ्लोर पर चार्ज किया जा रहा था। इसी दौरान बैटरी में विस्फोट होने का संदेह है। विस्फोट के बाद आग आसपास के हिस्सों में फैल गई। हालांकि बैटरी में विस्फोट की वास्तविक वजह अभी स्पष्ट नहीं हुई है और इसकी जांच जारी है।
हादसे में 17 वर्षीय सुफैद और 38 वर्षीय मोहम्मद सामिद गंभीर रूप से घायल हुए। दोनों को तत्काल गुरु गोबिंद सिंह अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
रिपोर्टों के अनुसार दोनों मृतक बिहार के भागलपुर से संबंधित थे। पुलिस ने बताया कि वे ई-रिक्शा चलाते थे और किराए के परिसर में वाहनों की बैटरियां चार्ज करते थे।
आग लगने के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। दमकल कर्मियों ने तेजी से कार्रवाई करते हुए आग को आगे फैलने से रोकने की कोशिश की। आग पर नियंत्रण के बाद इमारत और आसपास के हिस्सों की भी जांच की गई।
घटना ने घनी आबादी वाले इलाकों में ई-रिक्शा बैटरियों की charging safety को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। ऐसे इलाकों में बड़ी संख्या में ई-रिक्शा चलने के कारण बैटरी चार्जिंग के लिए सुरक्षित और निर्धारित स्थानों की जरूरत बढ़ रही है।
विशेषज्ञों के अनुसार बैटरी charging के दौरान उचित ventilation, सुरक्षित electrical connections और fire-safety व्यवस्था महत्वपूर्ण होती है। हालांकि रघुबीर नगर मामले में विस्फोट की सटीक तकनीकी वजह जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगी।
पुलिस और दमकल विभाग अब यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि बैटरी किस स्थिति में थी, charging system कैसा था और आग किन परिस्थितियों में तेजी से फैली।
इस घटना के बाद स्थानीय स्तर पर भी सुरक्षा मानकों की जांच की जरूरत सामने आ सकती है। खासकर उन स्थानों पर जहां एक ही परिसर में कई ई-रिक्शा या उनकी बैटरियां चार्ज की जाती हैं।
रघुबीर नगर में ई-रिक्शा बैटरी के संदिग्ध विस्फोट से लगी आग में दो लोगों की जान चली गई, जिनमें एक 17 वर्षीय युवक भी शामिल था। दमकल विभाग ने करीब 40 मिनट में आग पर काबू पा लिया, जबकि पुलिस अब बैटरी विस्फोट और आग के वास्तविक कारणों की जांच कर रही है।
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