Last updated: July 12th, 2026 at 06:24 pm

बिहार की बांकीपुर विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव को लेकर चुनावी माहौल लगातार गर्म होता जा रहा है। जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने अपने चुनाव प्रचार अभियान को और तेज करते हुए लगातार जनसभाएं, पदयात्राएं और घर-घर जनसंपर्क अभियान शुरू कर दिया है। उन्होंने मतदाताओं से पारंपरिक राजनीति से अलग सोच अपनाने और बदलाव के लिए जन सुराज का समर्थन करने की अपील की। उनके चुनाव मैदान में उतरने से इस सीट का मुकाबला पहले की तुलना में अधिक दिलचस्प हो गया है।
प्रशांत किशोर ने अपने चुनावी कार्यक्रमों के दौरान कहा कि बिहार लंबे समय से विकास, रोजगार, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे बुनियादी मुद्दों पर पीछे रह गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य की प्रमुख राजनीतिक पार्टियां वर्षों से एक-दूसरे पर आरोप लगाने में व्यस्त हैं, जबकि जनता की मूल समस्याओं का समाधान नहीं हो पाया है। उन्होंने कहा कि जन सुराज की राजनीति केवल चुनाव जीतने के लिए नहीं, बल्कि बिहार में व्यवस्था परिवर्तन के उद्देश्य से शुरू की गई है।
जनसभाओं में प्रशांत किशोर ने युवाओं, महिलाओं और पहली बार मतदान करने वाले मतदाताओं को विशेष रूप से संबोधित किया। उन्होंने कहा कि बिहार के युवाओं को रोजगार के लिए दूसरे राज्यों में पलायन करना पड़ता है और इसे रोकना उनकी प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था में सुधार, बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं और स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन को अपनी राजनीतिक प्राथमिकता बताया।
बांकीपुर उपचुनाव में भाजपा द्वारा उम्मीदवार बदलने के फैसले पर भी प्रशांत किशोर ने सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि चुनाव के बीच में उम्मीदवार बदलना इस बात का संकेत है कि सत्ताधारी दल के भीतर सब कुछ सामान्य नहीं है। हालांकि भाजपा ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि उम्मीदवार परिवर्तन संगठन का आंतरिक निर्णय था और इसका चुनावी तैयारी पर कोई असर नहीं पड़ेगा।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि प्रशांत किशोर की सक्रिय चुनावी शैली ने इस उपचुनाव को पूरे बिहार की सबसे चर्चित राजनीतिक लड़ाइयों में शामिल कर दिया है। जन सुराज पार्टी पहली बार किसी बड़े चुनावी मुकाबले में अपनी ताकत दिखाने की कोशिश कर रही है। दूसरी ओर भाजपा और राजद भी इस सीट को प्रतिष्ठा का प्रश्न मानते हुए पूरी ताकत के साथ चुनाव प्रचार में जुटे हुए हैं। इससे मुकाबला त्रिकोणीय और कड़ा माना जा रहा है।
चुनाव प्रचार के दौरान जन सुराज पार्टी ने स्थानीय मुद्दों को प्रमुखता से उठाया है। पार्टी का कहना है कि बांकीपुर के मतदाता बेहतर सड़क, जल निकासी, रोजगार, शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं की मांग कर रहे हैं। जन सुराज इन मुद्दों को चुनावी एजेंडा बनाकर जनता के बीच पहुंच रही है। पार्टी कार्यकर्ता भी बूथ स्तर पर अभियान चलाकर मतदाताओं से सीधे संवाद कर रहे हैं।
राजनीतिक पर्यवेक्षकों का मानना है कि बांकीपुर उपचुनाव का परिणाम केवल एक विधानसभा सीट तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि यह आगामी बिहार विधानसभा चुनाव से पहले सभी प्रमुख दलों के लिए राजनीतिक संदेश भी देगा। यही कारण है कि भाजपा, राजद और जन सुराज तीनों ही दल इस चुनाव में पूरी ताकत झोंक रहे हैं।
बांकीपुर में चुनाव प्रचार अपने चरम पर है। सभी राजनीतिक दल लगातार जनसभाएं, रोड शो और घर-घर संपर्क अभियान चला रहे हैं। अब सभी की नजर मतदान और उसके परिणाम पर टिकी है, क्योंकि यह उपचुनाव बिहार की बदलती राजनीतिक तस्वीर का महत्वपूर्ण संकेत माना जा रहा है।
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