Last updated: June 27th, 2026 at 05:06 am

महाराष्ट्र में आयोजित एक सम्मान समारोह के दौरान भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के दो नेताओं के बीच विवाद सामने आया है। राज्यसभा सांसद मेधा कुलकर्णी ने पार्टी के विधायक अभिमन्यु पवार पर आरोप लगाया कि उन्हें कार्यक्रम की पहली पंक्ति में बैठने से रोका गया और इसकी वजह उनकी जाति बताई गई।
यह कार्यक्रम उन मराठा अभ्यर्थियों के सम्मान में आयोजित किया गया था, जिन्होंने यूपीएससी, एमपीएससी और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता हासिल की थी। समारोह में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस भी मौजूद थे।
मेधा कुलकर्णी का कहना है कि कार्यक्रम स्थल पर मौजूद अधिकारियों ने प्रोटोकॉल के तहत उन्हें पहली पंक्ति में बैठने के लिए कहा था। लेकिन उनके अनुसार, विधायक अभिमन्यु पवार ने यह कहते हुए आपत्ति जताई कि कार्यक्रम मराठा समाज से जुड़ा है और उनके पहली पंक्ति में बैठने से विवाद खड़ा हो सकता है। कुलकर्णी ने आरोप लगाया कि इसी कारण उन्होंने कार्यक्रम बीच में ही छोड़ दिया।
दूसरी ओर, विधायक अभिमन्यु पवार ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि पूरे मामले को गलत तरीके से समझा गया। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी आपत्ति केवल बैठने की व्यवस्था और प्रोटोकॉल को लेकर थी, न कि किसी की जाति को लेकर।
पवार के अनुसार, उन्होंने केवल इतना कहा था कि संबंधित महामंडल के अध्यक्ष नरेंद्र पाटिल को पहली पंक्ति में स्थान मिलना चाहिए, जबकि सांसद और विधायक दूसरी पंक्ति में बैठ सकते हैं। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम में मौजूद अन्य लोगों ने भी पूरी बातचीत सुनी थी और इसमें जातिगत टिप्पणी जैसी कोई बात नहीं हुई।
फिलहाल इस घटनाक्रम को लेकर राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है। हालांकि दोनों नेताओं ने अपने-अपने पक्ष स्पष्ट कर दिए हैं और मामले को लेकर अलग-अलग दावे सामने आए हैं।
![]()
Comments are off for this post.