Last updated: September 5th, 2026 at 12:35 pm

पटना: राजधानी पटना में लगातार हो रही भारी बारिश और गंगा के बढ़ते जलस्तर ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। शनिवार सुबह से बारिश के कारण शहर के कई हिस्सों में जलजमाव हो गया। पटेल गोलंबर से पटना एयरपोर्ट जाने वाले मुख्य मार्ग पर कई फीट तक पानी जमा होने की सूचना है, जिसके बाद ट्रैफिक पुलिस ने वाहन चालकों और एयरपोर्ट जाने वाले यात्रियों के लिए एडवाइजरी जारी की है।
एयरपोर्ट जाने वालों को पहले निकलने की सलाह
पटना ट्रैफिक पुलिस ने यात्रियों से कहा है कि एयरपोर्ट जाने के लिए घर से पर्याप्त समय पहले निकलें, ताकि रास्ते में संभावित जाम से बचा जा सके।
पटेल गोलंबर और एयरपोर्ट के बीच जलजमाव वाले हिस्सों में वाहन चालकों को धीमी रफ्तार से गाड़ी चलाने और अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। पुलिस ने लोगों से सड़क पर तैनात ट्रैफिक कर्मियों के निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
गंगा का जलस्तर HFL से ऊपर पहुंचा
बारिश के साथ गंगा का लगातार बढ़ता जलस्तर पटना प्रशासन के लिए दूसरी बड़ी चुनौती बन गया है। नदी के किनारे बसे इलाकों में पानी पहुंचने का खतरा बढ़ गया है। कुछ जगहों पर नालियों के रास्ते गंगा का पानी शहर की ओर आने की स्थिति भी बनी हुई है।
जल संसाधन विभाग के अनुसार शनिवार सुबह 9 बजे गांधी घाट गेज स्थल पर गंगा का जलस्तर 50.51 मीटर दर्ज किया गया था। यह खतरे के निशान से 1.91 मीटर ऊपर था और नदी अपने उच्चतम बाढ़ स्तर (HFL) 50.52 मीटर के बेहद करीब थी।
इसके करीब एक घंटे बाद सुबह 10 बजे जलस्तर 50.53 मीटर दर्ज किया गया। यानी गंगा का पानी अपने दर्ज उच्चतम जलस्तर से भी ऊपर पहुंच गया। विभाग ने अगले 48 घंटे तक जलस्तर बढ़ने की संभावना जताई है।
पांच विभागों ने की संयुक्त समीक्षा
बाढ़ की स्थिति को देखते हुए बिहार सरकार के पांच विभागों के बीच समन्वय बैठक आयोजित की गई। इसमें उपमुख्यमंत्री सह जल संसाधन मंत्री विजय कुमार चौधरी, ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार, PHED मंत्री संजय सिंह, सहकारिता मंत्री रामकृपाल यादव और नगर विकास मंत्री नीतीश मिश्रा शामिल हुए।
बैठक में बाढ़ से निपटने की तैयारियों, राहत एवं बचाव कार्यों और प्रभावित इलाकों में आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने की स्थिति की समीक्षा की गई।
बक्सर से भागलपुर तक गंगा का बढ़ा दबाव
गंगा का जलस्तर बक्सर से भागलपुर तक कई स्थानों पर बेहद ऊंचे स्तर पर पहुंच गया है। नदी के आसपास के निचले और रिहायशी इलाकों में पानी बढ़ने से लोगों की परेशानी बढ़ी है।
कई ग्रामीण इलाकों में खेतों में खड़ी फसलों के प्रभावित होने की भी खबर है। निचले इलाकों से कुछ लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है और प्रभावित लोगों के लिए राहत शिविर शुरू किए गए हैं।
लगातार बारिश और गंगा के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है। आने वाले 48 घंटे पटना और गंगा किनारे के इलाकों के लिए अहम माने जा रहे हैं।
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